मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री को दिल्ली को संभालने में ही सुबह से शाम हो जाती है - जयंत पाटील

मुंबई, मराठवाड़ा और पुणे में भारी बारिश के कारण किसानों का सब कुछ बर्बाद हो गया है। यह सब सामने दिखाई दे रहा है। सरकार को लोगों की मदद के लिए आगे आना चाहिए था लेकिन मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री को दिल्ली को संभालने में ही सुबह से शाम हो जाती है। इस स्थिति में राज्य की जनता का काम वे वैâसे करेंगे? यह आरोप राकांपा प्रदेश अध्यक्ष जयंत पाटील ने लगाया है।
जयंत पाटील ने कहा कि शिवसेना से गद्दारी करके बाहर गए विधायकों में से कई विधायकों को पश्चाताप हो रहा है और वे पुनर्विचार कर रहे हैं, जल्द ही अलग स्थिति दिखाई देगी। मीडिया से बातचीत करते हुए पाटील ने कहा कि पहले दिन से ही इस सरकार में सबकुछ ठीक नहीं है। जो लोग शिवसेना से टूटकर गए, वे किसी उद्देश्य व लाभ को निश्चित करके गए थे। यह बात जनता के ध्यान में आ गई है। कई विधायक पश्चाताप करते हुए पुनर्विचार कर रहे हैं इसलिए आनेवाले दिनों में अलग स्थिति दिखाई देगी, ऐसा जयंत पाटील ने कहा। उद्धव ठाकरे का नामो निशान मिटाने और उन्हें परेशानी में लाने के लिए कुछ लोग धंधा कर रहे हैं। उनको परेशान करने की कितनी भी कोशिश हो, तब भी उद्धव ठाकरे दबाव के आगे नहीं झुकेंगे, ऐसा भी जयंत पाटील ने कहा। राज्य सरकार ने राशन बांटने की घोषणा उत्साह में कर दी, सरकार को अपनी छवि को सुधारने की हड़बड़ी है। इसलिए राशन वितरण की घोषणा तो कर दी लेकिन इसके लिए बजट में प्रावधान नहीं किए। ऐसा जोरदार हमला पाटील ने किया।