मुंबई : ठगी से बाल-बाल बचे प्रवासी मजदूर

मुंबई : बिल्डिंग निर्माण में कार्यरत 45 प्रवासी मजदूर गांव जाने के चक्कर में 2 टेंपो वालों की ठगी का शिकार होने से बाल-बाल बच गए. स्थानीय भाजपा नगरसेवक संतोष शेट्टी एवं उनके सहयोगियों ने मामले की जानकारी मिलते ही न केवल प्रवासी मजदूरों को टेंपो वालों की ठगी का शिकार होने से बचाया, बल्कि स्थानीय पुलिस प्रशासन के सहयोग से गुरुवार को पनवेल से पटना गयी श्रमिक विशेष ट्रेन में बिठाकर गांव जाने में मानवीय मदद की.

नगरसेवक संतोष शेट्टी ने बताया कि न्यू पनवेल की एक निर्माणाधीन इमारत में काम करने वाले 45 बिहार के प्रवासी मजदूर लॉकडाउन में काम बंद होने से गांव जाना चाह रहे थे. इस बीच उन्हें पुणे का एक टेंपो वाला मिला जिसने 2 टेंपो में उन्हें पटना पहुंचाने के लिए 1 लाख 80 हजार रुपये की मांग की, लेकिन बात 1 लाख 20 हजार में तय हो गई. टेंपो वाले ने पूरा पैसा ले लिया, थोड़ा आगे आने पर 60 हजार और मांगने लगा. इसको लेकर मजदूरों और टेंपो वाले में बीच रास्ते में बहस होने लगी. सड़क पर हो रही तू-तू मैं-मैं की जानकारी मिलने पर नगरसेवक संतोष शेट्टी ने हस्तक्षेप करते हुए मजदूरों को पैसे वापस देने को कहा. उसने 15 हजार रुपए काटकर 1 लाख 5 हजार रुपये वापस किया और निकल गया. उसकी मंशा पैसे लेकर इन मजदूरों को आगे रास्ते में उतार देने की थी. बहरहाल सभी को पास के वृंदावन आश्रम में ठहराया गया जहां छठ पूजा समिति के वी. पी. सिंह, जितेंद्र तिवारी.और भास्कर शेट्टी, गुरू शेट्टी, सतीश शेट्टी, रत्नाकर शेट्टी आदि ने खाने पीने की व्यवस्था की.