भाईदूज पर रेलवे का तोहफा, RPF ने लौटाया 3.5 लाख रुपये के गहनों से भरा पर्स

मुंबई : रत्नागिरी की रहने वाली मीनल इंदूलकर मुंबई में भाईदूज मनाने आई थी लेकिन यहां की भीड़ उनके लिए वरदान साबित हुई। भीड़ भरे दादर स्टेशन पर पर्स में लाखों रुपये के गहने भूलने के बावजूद भीड़ ने ही उसे खोया हुआ पर्स लौटाने में मदद की। आरपीएफ की मदद से मीनल को उसका खोया हुआ पर्स सही सलामत मिल गया। 2 नवंबर को दादर स्टेशन पर मीनल इंदूलकर अपने पति के साथ ट्रेन का इंतजार कर रही थीं। उन्हें भाईदूज मनाने के बाद वापस रत्नागिरी जाना था। मीनल ने कहा कि उन्हें यहां की भीड़ से घबराहट होती है। मीनल ने बताया कि जब मध्य रेलवे के दादर स्टेशन पर प्लैटफॉर्म 8 पर दादर-रत्नागिरी ट्रेन पहुंची तो वह और उनके पति ट्रेन में जगह बनाने के लिए आनन-फानन में चढ़ गए लेकिन अपना सामान प्लैटफॉर्म की सीढ़ियों के पास भूल गए। मीनल ने बताया कि ट्रेन में सवार होने के बाद उसे होश आया, तो तत्काल ही अपने पति के साथ ट्रेन से उतर गई।

दूसरी ओर सीढ़ियों के पास लावारिस पर्स देखकर यात्रियों ने आस-पास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी। जब कोई पर्स का मालिक नहीं मिला, तो यात्रियों ने आरपीएफ को सूचित किया। दादर आरपीएफ के विनीत कुमार सिंह ने बताया कि पर्स चौकी पर लाने के कुछ ही देर बाद मीनल घबराई हुई चौकी पर आई। उन्होंने सारा घटनाक्रम आरपीएफ को बताया। मीनल द्वारा दी गई निशानदेही के आधार पर सामान का मिलान किया गया। इसमें सोने के आभूषणों सहित करीब 3,50,000 रुपये कीमत का सामान था। मीनल ने सामान सही सलामत मिलने के बाद आरपीएफ और यात्रियों का शुक्रिया अदा किया।