Tata Mumbai Marathon 2019: मैरी कॉम ने दिखाई मैराथन को हरी झंडी, सड़कों पर दौड़ रहे 46,000 से ज्यादा धावक

प्रतिष्ठित टाटा मुंबई मैराथन (Tata Mumbai Marathon) के 16वां संस्करण शुरू हो गया है. भारत की दिग्गज मुक्केबाज एम.सी. मैरी कॉम (MC Mary Kom) ने इस मैराथन को छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) से हरी झंडी दिखाई. मैराथन की ईनामी राशि 405000 डॉलर होगी जिसमें विजेता को 45,000 डॉलर मिलेंगे. पिछले साल पुरूष और महिला वर्ग का खिताब इथियोपिया के धावकों (Ethiopian Runners) क्रमश: अबीरा कुमा (Abera Kuma) और अमाने गोबीना (Amane Gobena) ने जीता था.

इस साल फुल मैराथन में 8,414, हाफ मैराथन में 15,457, टाइम्ड 10के में 2,516, ड्रीम रन में 17,661, सीनियर सिटिजन रन में 1,005 और चैम्पियंस विथ डिसेब्लिटी केटगरी में 1,301 धावक ने हिस्सा लिया है. इस मैराथन में भाग लेने वाले खिलाड़ियों में कुमा का रिकार्ड सबसे बेहतर है. उन्होंने पिछले साल अप्रैल में रोटरडम मैराथन में दो घंटे पांच मिनट 50 सेकंड का समय लिया था. उन्हें हालाकि कीनिया की तिकड़ी जैकब केंडगोर, एलिजा केमबोई और कॉसमस लैगत के साथ अपने देश के अयचीव बेंटी से कड़ी टक्कर मिलेगी. इस सभी खिलाड़ियों का निजी सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दो घंटे आठ मिनट 15 सेकंड से कम है.

महिला धावकों में 2018 में एशिया की सबसे बड़ी आईएएएफ गोल्ड लेबल रोड रेस की विजेता अमाने को पता है कि इस रेस को जीतने के क्या मायने है. 36 साल की इस खिलाड़ी का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दो घंटे 21 मिनट 51 सेकंड है. इस कोर्स का रिकॉर्ड कीनिया की वालेंटिना किपकेटेर के नाम है जिन्होंने 2013 में दो घंटे 24 मिनट 33 सेकंड का समय लिया था. अमाने को पिछले साल के प्रदर्शन को दोहराने के लिए दिनकेश मेकाश (2014-15 की चैम्पियन) और शुको गेनेमो (2016 की चैम्पियन) की चुनौती से पार पाना होगा.


भारतीय धावकों में पिछले साल शीर्ष पर रहे टी. गोपी और सुधा सिंह एक बार फिर अपनी सफलता दोहराना चाहेंगे. पुरुषों में गोपी को कोर्स रिकॉर्डधारी (भारतीय धावकों में) नितेन्द्र सिंह रावत (2016) और 2014 और 2015 में सर्वश्रेष्ठ भारतीय रहे करण सिंह से कड़ी चुनौती मिलेगी. गोपी 2017 में एशियाई चैम्पियन (दो घंटे 15 मिनट और 31 सेकंड) बने लेकिन उन्होंने रियो ओलंपिक (दो घंटे 15 मिनट और 25 सेकंड) में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दिया था जो विदेशी सरजमीं में भारतीय रिकॉर्ड है. रावत ने 2016 में दक्षिण एशियाई खेलों में दो घंटे 15 मिनट और 18 सेकंड का समय लिया था और उनके नाम हाफ मैराथन का राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी है.


करण ने हाल में वसई विरार मैराथन में दो घंटे 22 मिनट और 17 सेकेंड का समय लिया था. महिलाओं में मुख्य मुकाबला 2018 के एशियाई खेलों में स्टेपलचेज में रजत पदक विजेता रही सुधा सिंह और मुंबई मैराथन में दो बार भारतीयों में शीर्ष पर रही ज्योति गावते के बीच होने की संभावना हैं. मैराथन के शीर्ष तीन भारतीय को क्रमश: पांच लाख, चार लाख और तीन लाख रुपये की इनामी राशि दी जाएगी. कोर्स रिकॉर्ड बनाने वाले खिलाड़ियों को दो लाख रुपये दिये जाएंगे.